दिल्ली में किचन चिमनी सर्विस और रिपेयर
विज़िट चार्ज ₹149 है। काम शुरू करने से पहले टेक्नीशियन फ़ॉल्ट देखकर खर्च बताता है, और पैसे काम पूरा होने के बाद ही लिए जाते हैं।
चिमनी धुआँ नहीं खींच रही, आवाज़ ज़्यादा करती है या उससे तेल टपकता है? दिल्ली में टेक्नीशियन घर आकर चिमनी की डीप क्लीनिंग करता है और मोटर, ब्लोअर, फ़िल्टर या ऑटो-क्लीन पैनल की रिपेयर आपके किचन में ही करता है। नई चिमनी लगानी हो तो डक्ट के साथ फ़िटिंग भी।
बुकिंग फ़ॉर्म अंग्रेज़ी में है: बस नाम, मोबाइल नंबर और पता भर दें। बाकी बात हमारी टीम फ़ोन पर हिंदी में कर लेगी।
दिल्ली में
दिल्ली में डीडीए फ़्लैट, बिल्डर फ़्लोर और पुरानी कॉलोनियों के मकान, सबके किचन अलग हैं; बहुत से घरों में अब पाइप वाली गैस (PNG) आती है।
दिल्ली के छोटे और बंद किचनों में चिमनी पर बोझ ज़्यादा रहता है; तला-भुना रोज़ बनता हो तो डीप क्लीनिंग जल्दी-जल्दी, हर 2-3 महीने में करवाएँ।
प्रदूषण के दिनों में बंद खिड़कियाँ
नवंबर-दिसंबर में धुंध और प्रदूषण की वजह से लोग किचन की खिड़कियाँ बंद रखते हैं। चिमनी जितनी हवा बाहर फेंकती है, उतनी कहीं से अंदर आनी भी चाहिए; सब कुछ बंद हो तो चिमनी तेज़ आवाज़ करती है पर धुआँ कम खींचती है। खाना बनाते समय किसी दूसरे कमरे की खिड़की या किचन का दरवाज़ा थोड़ा खुला रखें।
किराए का घर बदलते समय
दिल्ली में किराए पर रहने वाले बहुत से परिवार अपनी चिमनी साथ ले जाते हैं। उतारते समय डक्ट, ब्रैकेट और दीवार के पेंच भी निकलते हैं; नए किचन में दीवार की मज़बूती, हॉब से ऊँचाई और डक्ट का रास्ता देखकर ही चिमनी लगती है। पुराने घर की दीवार का डक्ट वाला छेद कौन भरवाएगा, यह पहले ही तय कर लें।
बिना डक्ट वाली चिमनी
जिन फ़्लैटों में दीवार में छेद करने की इजाज़त नहीं मिलती, वहाँ कई लोग बिना डक्ट वाली (रीसर्कुलेशन) चिमनी लगाते हैं। उसका चारकोल फ़िल्टर धुआँ और गंध रोकता है, पर गर्मी और भाप किचन में ही रहती है। चारकोल फ़िल्टर धुलता नहीं; गंध रुकनी बंद हो जाए तो उसे बदलना पड़ता है।
दिल्ली के इन इलाक़ों में भी आते हैं
मयूर विहार फ़ेज़ 1 · लक्ष्मी नगर · लाजपत नगर · साकेत · कालकाजी · द्वारका सेक्टर 10 · वसंत कुंज · प्रीत विहार
और दिल्ली के बाकी इलाक़ों में भी: कुल 145 इलाक़े।
हम क्या-क्या ठीक करते हैं
डीप क्लीनिंग
फ़िल्टर या बैफ़ल धोना, ब्लोअर और अंदर की बॉडी से जमी चिकनाई निकालना। ऑटो-क्लीन चिमनी में भी तेल ब्लोअर और डक्ट में जमता है, सिर्फ़ ऑटो-क्लीन बटन काफ़ी नहीं।
सक्शन कम होना
धुआँ किचन में फैलता है तो अक्सर फ़िल्टर या ब्लोअर तेल से भरा होता है, या डक्ट पाइप मुड़ा या बहुत लंबा है। जाँचकर असली वजह ठीक की जाती है।
आवाज़ या कंपन
ब्लोअर पर जमा तेल, ढीले पेंच या मोटर के बेयरिंग। सफ़ाई और कसाव से, या मोटर की रिपेयर से।
तेल टपकना
ऑयल कप भरा हो या फ़िल्टर में ज़्यादा तेल जमा हो जाए तो तेल वापस नीचे टपकता है। सफ़ाई और ज़रूरत हो तो फ़िल्टर बदलना।
ऑटो-क्लीन और टच पैनल
बटन काम न करें, लाइट न जले या ऑटो-क्लीन न चले: पैनल, बोर्ड और वायरिंग की जाँच और रिपेयर।
नई चिमनी लगाना या उतारना
दीवार या आइलैंड पर फ़िटिंग, हॉब से सही ऊँचाई, डक्ट पाइप बाहर तक। शिफ़्टिंग के लिए उतारना भी।
बुकिंग से काम पूरा होने तक
- बुक करें या कॉल करें: फ़ॉर्म भरें, कॉल करें या WhatsApp पर लिखें: उपकरण, ब्रांड और क्या दिक्कत है।
- टेक्नीशियन घर आता है: तय समय पर, ज़रूरी औज़ार और आम पार्ट्स साथ लेकर।
- पहले जाँच, फिर खर्च: फ़ॉल्ट देखकर वह बताता है कि क्या करना है और कितना लगेगा। आपकी हाँ के बाद ही काम शुरू।
- काम के बाद पेमेंट: काम पूरा होने और आपके चलाकर देख लेने के बाद ही पैसे। कोई एडवांस नहीं।
गैस की सुरक्षा सबसे पहले
- गैस की गंध आए तो कोई स्विच न दबाएँ, न लाइट जलाएँ न बुझाएँ, माचिस या लाइटर बिल्कुल नहीं। सिलिंडर का रेगुलेटर या PNG का वाल्व बंद करें, खिड़की-दरवाज़े खोलें, सबको बाहर ले जाएँ और बाहर से फ़ोन करें: LPG के लिए 1906, पाइप वाली गैस के लिए अपनी गैस कंपनी का इमरजेंसी नंबर (बिल पर लिखा होता है)।
- चिमनी के फ़िल्टर और डक्ट में जमा तेल आग पकड़ सकता है, इसलिए समय पर सफ़ाई सुरक्षा की बात भी है। तेज़ आँच पर तड़का लगाते हुए चिमनी चालू रखें।
- चिमनी उतारते या लगाते समय नीचे का हॉब या चूल्हा बंद रहता है; गैस का कोई पाइप या वाल्व हम ज़रूरत के बिना नहीं छूते।
सभी ब्रांड, पर किसी कंपनी का अधिकृत सेंटर नहीं
हम एक स्वतंत्र सर्विस सेंटर हैं और हर ब्रांड का काम करते हैं, पुराने मॉडल भी। हम किसी कंपनी के अधिकृत (authorised) सर्विस सेंटर नहीं हैं और ऐसा कभी नहीं कहते। जहाँ कंपनी असली पार्ट देती है वहाँ वही लगाते हैं, और दूसरा पार्ट लगाना हो तो पहले बता देते हैं। अगर उपकरण अभी कंपनी की वारंटी में है, तो पहले कंपनी की सर्विस लाइन पर बात करें।